Ghaziabad : उड़ती धूल से बढ़ रहे प्रदूषण को रोकने के लिए नगर निगम शहर की 32 सड़कों को जल्द ही डस्ट फ्री करेगा। निर्माण विभाग ने इन सड़कों के किनारे इंटरलॉकिंग टाइल्स और घास लगाने के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। 23 नवंबर को टेंडर खोले जाएंगे। पहले चरण में इन 32 सड़कों को धूल मुक्त करने पर 14 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
नगर निगम को शहर में प्रदूषण पर नियंत्रण करने के लिए केंद्र सरकार से 60 करोड़ रुपये मिले हैं। नगर निगम ने इनमें से 20 करोड़ रुपये शहर की सड़कों को धूलमुक्त बनाने पर खर्च करने का निर्णय लिया है। बीते सितंबर माह में 15वें वित्त आयोग के फंड से मिली इस 60 करोड़ की रकम को खर्च करने के प्रस्ताव पास हो चुके हैं। नगर निगम ने अब इन सड़कों को डस्ट फ्री करने की प्रक्रिया शुरू की है। पहले चरण में ऐसी सड़कों पर काम कराया जाएगा जिन पर ट्रैफिक ज्यादा है और इसकी वजह से धूल उड़ती है। नगर निगम के चीफ इंजीनियर एनके चौधरी का कहना है कि 23 नवंबर को टेंडर खोले जाने के बाद जल्द ही वर्क ऑर्डर जारी कर दिए जाएंगे। दिसंबर माह से इन पर काम शुरू हो जाएगा।
ऐसे धूल मुक्त होंगी सड़कें
नगर निगम शहर की प्रमुख सड़कों पर पैचवर्क कराकर साइड पटरियों को पक्का कराएगा। सड़क के दोनों किनारों पर एक मीटर चौड़ाई में ऐसी इंटरलॉकिंग टाइल्स लगाई जाएंगी जो भारी वाहनों का वजन सह सके। इसके बाद एक मीटर चौड़ाई में ऐसी टाइल्स लगेंगी जिनसे पानी रिचार्ज हो सके। इसके बाद अगर जगह बचेगी तो इन टाइलों के किनारे घास लगाकर हरियाली विकसित की जाएगी।
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इन प्रमुख सड़कों को किया जाएगा धूलमुक्त
– संजय नगर फ्लाईओवर से आरडीसी फ्लाईओवर तक
– आरडीसी फ्लाईओवर से विवेकानंद नगर पुल तक
– डायमंड कट से एनएच-9 तक।
– हापुड़ चुंगी से शास्त्रीनगर होते हुए स्वदेशी चौक तक।
– सीएमओ ऑफिस के पास से पी-ब्लाक चौक तक संजयनगर।
– वसुंधरा जोन के गुर्जर चौक से मेवाड़ कॉलेज होते हुए सेक्टर-1 तक।
– वसुंधरा सेक्टर-4ए से बुद्ध चौक होते हुए गढ़वाली चौक तक।
– एनएच-9 से तिगरी गोल चक्कर तक।
– प्रताप विहार चौक से डीपीएस चौक तक।
– एनएच-9 से गोशाला पुलिस चौकी तक।
– मेरठ रोड से आर्यनगर चौराहा से मालीवाड़ा होते हुए चौधरी मोड़ तक।
