मोदीनगर। प्रदेश सरकार की ओर से गन्ना मूल्य में 25 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी को किसानों ने अच्छा कदम बताया है। बिजली के बिलों पर ब्याज माफी की योजना को भी उचित माना है। किसानों का यह भी कहना है कि बिजली बिलों में अक्सर त्रुटियां आती हैं, जिन्हें दुरुस्त कराने के लिए विभागीय अधिकारियों के चक्कर काटने पड़ते हैं। ऐसे में गांव-गांव शिविर लगवाकर बिलों की त्रुटियों को दुरुस्त कराने की व्यवस्था सुनिश्चित होनी चाहिए, जिससे किसान समय पर अपने बिल की अदायगी कर सकेंगे। किसान बिजेन्द्र सिंह का कहना है कि सरकार की ओर से विद्युत बिल का ब्याज माफ किया जाना अच्छा कदम है। किसानों के बिल जो त्रुटियां आ रही हैं, उन्हें समय पर दुरुस्त कराने की व्यवस्था होनी चाहिए। ताकि किसान को उतना ही भुगतान करना पड़े जितनी उसने बिजली खर्च की है।
किसान सोहनवीर सिंह बताते हैं कि सरकार की ओर से किसानों के बिजली बिल का ब्याज माफ करके जो कदम उठाया है, वह सराहनीय है। इसके साथ ही गांवों की बिजली आपूर्ति में भी सुधार कराया जाना चाहिए। किसान मौहम्म्द हामिद कहते हैं कि सरकार की ओर से गन्ने का मूल्य तो बढ़ा दिया गया है, परंतु स्थानीय चीनी मिल में साल भर से अधिक समय तक भुगतान फंसा रहता है। समय पर किसान को गन्ना मूल्य दिलाया जाए। किसान रामविलास का कहना है कि सरकार की ओर से 25 रुपये प्रति क्विंटल गन्ना मूल्य में जो बढ़ोतरी की गई है, इसका काफी लोगों को लाभ प्राप्त होगा। बिजली बिलों पर ब्याज माफी से भी राहत मिलेगी। सरकार का यह निर्णय काफी अच्छा रहा है।
